Thursday, 21 September 2017

गणेश पत्री सारखी ९ वनस्पती महात्म्य

🌹 औषधियों में विराजमान है 9 दुर्गा = ) 1 - माँ शैलपुत्री - (हरड़ ) = कही प्रकार के रोगों में काम आने वाली औषधि हरड़ हिमावती है जो देवी शैलपुत्री का ही एक रूप है यह आयुर्वेद की  प्रदान औषधि है यह पथया  , हरितिका , अमृता , हेमवती , कायस्थ , चेतकी , और श्रेयसी , सात प्रकार की होती है !
2 - माँ ब्रह्मचारिणी - ( ब्राह्मी ) =  ब्राह्मी आयु व याददाश्त बढ़ाकर रक्त विकारो को दूर कर स्वर को मधुर बनाती है इसलिए इसे सरस्वती भी कहाँ जाता है !
3 - माँ चंद्रघंटा - ( चंदू सुर )  = यह एक ऐसा पौधा है जो घनिया के समान है यह औषधि मोटापा दूर करने में लाभदायक है इसलिए इसे चर्म हन्ति भी कहते है !
4 - माँ कुष्मांडा - ( पेठा ) = इस औषधि से पेठा मिठाई बनती है इसलिए इस रूप को पेठा कहते है इसे कुम्हड़ा भी कहते है जो रक्त विकार दूर कर पेट साफ़ करने में सहायक है मानसिक रोगों में यह अम्रत समान है !
5 - माँ स्कंदमाता - ( अलसी ) = देवी स्कंदमाता औषधि के रूप में अलसी में विराजमान है यह वत , पित , व कफ  रोगों की नाशक औषधि है !
6 - माँ कात्यायनी - ( मोइया ) = देवी कात्यायनी को आयुर्वेद में कई नामो से जाना जाता है जेसे अम्बा , अम्बालिका , व अम्बिका  इसके अलावा इन्हें मोइ या भी कहते है यह औषधि कफ , पित , व गले के रोगों का नाश करती है !
7 -  माँ कालरात्रि - ( नागदौन )= यह देवी नागदौन औषधि के रूप में जानी जाती है यह सभी प्रकार के रोगों में लाभकारी है और मन एवं मष्तिष्क के विकारो को दूर करने वाली औषधि है !
8 - माँ महागौरी - ( तुलसी ) = तुलसी सात प्रकार की होती है  सफेद तुलसी , काली तुलसी , मरुता , दवना , कुठे , रक , अर्जक , और षट् पत्र , यह रक्त को साफ कर ह्रदय रोगों का नाश करती है !
9 - माँ सिद्धिदात्री - ( शतावरी ) = दुर्गा माँ का नोवा रूप सिद्धिदात्री है जिसे नारायणी शतावरी कहते है यह बल , बुद्धि , एवं विवेक के किये बहुत लाभदायक है ! 🙏🏻🙏🏻🙏🏻

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